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साहित्य के साथ खेलों की दुनिया में भी है आजमगढ़ का बड़ा नाम

आजमगढ़। शहर के प्रमुख होटल गोल्डन फार्च्यून में हिंदी की पहली मासिक खेल पत्रिका स्पोर्ट्स जोन की लांचिंग से साहित्य के साथ खेलों की दृष्टि से उर्वर इस शहर ने खेल प्रमोशन के क्षेत्र में एक नया कदम रखा। बात अगर आजमगढ़ शहर की करें तो इसी शहर ने कई इंटरनेशनल बैडमिंटन खिलाड़ी दिए तो आईपीएल में भी इस शहर के कई खिलाड़ियों का जलवा दिखा है।

शहर में हुई हिंदी की पहली मासिक खेल पत्रिका स्पोर्ट्स जोन की लांचिंग

इस लांचिंग के दौरान शहर की खेल-जगत की जानी-मानी हस्तियों की मौजूदगी रही। समारोह की शुरुआत दीप प्रज्जवलन के साथ हुई। सोशल डिस्टेसिंग के साथ आजमगढ़ जिला ओलंपिक संघ के तत्वावधान में हुए इस समारोह में मुख्य अतिथिगण आजमगढ़ के कमिश्नर विजय विश्वास पंत (आईएएस) व डीआईजी सुभाष दुबे (आईपीएस) ने इस पत्रिका की लांचिग करते हुए कहा कि खेल जगत में ऐसी एक पत्रिका की दरकार थी।

आजमगढ़ के कमिश्नर विजय विश्वास पंत ने इस अवसर पर अपने संदेश में कहा कि एक खिलाड़ी के अंदर अनुशासन, सीखने की ललक, समर्पण के साथ कोच के प्रति पूरा सम्मान हो तथा साथ बहुत मेहनत का भी जज्बा हो। कोरोना काल में लाकडाउन के चलते बाधित हुई खेल गतिविधियों के बारे में उन्होंने कहा कि अनलाक-5 की गाइडलाइन आ गई है और उम्मीद है खेल गतिविधियां जल्द सामान्य होंगी और खिलाड़ी पहले जैसे स्टेडियम में अभ्यास करना शुरू कर सकेंगे।

फिलहाल अभी सीमित दायरे में प्रैक्टिस हो रही है। वर्तमान में खिलाड़ी फिटनेस के लिए एक्सरसाइज कर सकते है और घर में ही एप्प के सहारे फुल बॉडी एक्सरसाइज कर सकते है। वहीं रनिंग भी सबसे बेस्ट है जिससे उनकी फिटनेस काफी बेहतर मेनटेन होगी।

उन्होंने हिंदी की पहली पत्रिका की लांचिंग के लिए स्पोर्ट्स जोन की टीम को बधाई देते हुए कहा कि भविष्य के ओलंपियन तैयार करने का आपका लक्ष्य काफी बड़ा है और उम्मीद है कि इस पत्रिका में खिलाड़ी को उस स्तर की बेहतरीन व नवीनतम जानकारी मिलेगी।

उन्होंने कहा कि आज के खेल में फिजिकल के साथ मेंटल स्ट्रेंथ का भी काफी महत्वपूर्ण रोल है क्योंकि कई बार खिलाड़ी मैच के दौरान दबाव में आ जाते है तभी उनकी असली परीक्षा होती है। इस पर फोकस के साथ खिलाड़ी क्या सही डायट ले उसकी भी जानकारी होनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि सीखने से ज्यादा सही सीखना जरूरी है और अगर कुछ गलत सीखा हो तो उसे भी पीछे छोड़ना जरूरी है।

वहीं नये खिलाड़ी को चरणबद्घ तरीके से सीखने की दरकार है। इसके साथ स्टेमिना व स्ट्रेंथ के लिए योग का भी महत्वपूर्ण रोल हो सकता है और मुझे उम्मीद है कि ये पत्रिका इस दिशा में काफी सार्थक कदम उठाएगी।

आजमगढ़ के डीआईजी सुभाष दुबे ने कहा कि खिलाड़ी के लिए फिटनेस का रोल सबसे अहम होता है जबकि मेरा मानना है कि हर इंसान के लिए फिटनेस जरूरी होती है। उन्होंने भी इस बात पर जोर दिया कि किसी भी चीज को सकारात्मक तरीके से लेना आवश्यक होता है। इसके लिए खिलाड़ी योग, ध्यान व प्राणायाम का सहारा ले और जहां तक संभव हो पैदल चले।

इसके साथ खिलाड़ी डिजिटल प्लेटफार्म का भी सहारा ले सकते हैं। उन्होंने स्पोर्ट्स जोन पत्रिका के इस अभिनव प्रयास की सराहना की कि इसका मकसद भविष्य के ओलंपियन तैयार करना है। इस दिशा में व्यवहारिक रूप से प्रयास करके इस योजना को मूर्तरूप देना होगा। इसी के साथ स्वस्थ शरीर के साथ स्वस्थ मस्तिष्क की अवधारणा का भी ध्यान देना होगा। उन्होंने स्पोर्ट्स जोन पत्रिका की पूरी टीम को शुभकामनाएं दी।

आजमगढ़ जिला ओलंपिक संघ के सचिव अजेंद्र राय (बीडब्ल्यूएफ अंपायर) ने इस लाचिंग के बारे में कहा कि इस पत्रिका से खेल व खिलाड़ियों को नवीनतम जानकारी मिलने से प्रदेश के खिलाड़ी लाभान्वित होंगे। उन्होंने पत्रिका के साथ यूट्यूब चैनल व न्यूज पोर्टल की शुरुआत के लिए प्रधान संपादक डा.आनन्देश्वर पाण्डेय (महासचिव उत्तर प्रदेश ओलंपिक एसोसिएशन) व आइकोनिक ओलंपिक गेम्स अकादमी के प्रबंध निदेशक सैयद रफत जुबैर रिजवी (एसोसिएट उपाध्यक्ष, उत्तर प्रदेश ओलंपिक एसोसिएशन व कार्यकारी अध्यक्ष लखनऊ ओलंपिक एसोसिएशन) को धन्यवाद कहा।

बनेगा आजमगढ़ के हर खिलाड़ी का डाटाबेस

उन्होंने भविष्य की योजनाओं के बारे में बताया कि हम एक फार्मेट तैयार कर रहे है जिसके चलते आने वाले समय में जिले के हर खिलाड़ी का रिकार्ड होगा। इसमें जिले के सभी खिलाड़ियों का रजिस्ट्रेशन भी कराना होगा। इसके बाद हम जिले में ग्रास रूट से खेलों के विकास की बेहतर योजना बना सकते हैं।

इसके बाद हम यह भी योजना बना रहे है कि जिलें में अनुमति मिलते ही हम ओलंपिक के कई खेलों का आयोजन एक साथ कराएंगे। इससे खिलाड़ियों का मनोबल बढ़ेगा।

उन्होंनें ये भी कहा कि कई बार खिलाड़ी निगेटिव बातों से प्रभावित होते है। इससे बचने के लिए उन्हें पाजिटिव चीजों की ध्यान लगाना होगा। इसके लिए उन्हें मोटिवेशनल स्पीकर की स्पीच सुनने के साथ बड़े खिलाड़ियों के संघर्ष के दिनों की दास्तां से रूबर कराना होगा।

एसके सत्यन (वरिष्ठ उपाध्यक्ष जिला ओलंपिक संघ व सचिव जिला एथलेटिक्स संघ) ने कहा कि इस पत्रिका की शुरुआत के साथ नई व बेहतरीन जानकारियों के साथ नये खिलाड़ियों को एक प्लेटफार्म मिलेगा। खेल महाशक्ति बनाने के मिशन को स्पोर्ट्स जोन की टीम बखूबी आगे बढ़ाएगी।

सूरज श्रीवास्तव (इंटरनेशनल पेंचक सिलाट प्लेयर व नेशनल करॉटे प्लेयर) ने कहा कि इस पत्रिका के साथ यू ट्यूब चैनल व न्यूज पोर्टल की शुरुआत से प्रधानमंत्री के फिट इंडिया के मिशन को बढ़ावा मिलेगा।

केएम श्रीवास्तव (संयुक्त सचिव, जिला ओलंपिक एसोसिएशन) ने कहा कि धरती खेल व खिलाड़ियों के लिए काफी उर्वर है। यदि यहां खेल सुविधाओं का विकास होगा तो यहां से कई नये खिलाड़ी मिलेंगे।

स्पोर्ट्स जोन के निदेशक सैयद रामिश ने आइकोनिक ओलंपिक गेम्स अकादमी द्वारा स्कूल में खेलों को प्रमोट करने की रूपरेखा प्रस्तुत की।

इस अवसर पर मौजूद अन्य अतिथिगण में सदर रजिस्ट्रार सौरभ राय, एसके सत्यन (वरिष्ठ उपाध्यक्ष जिला ओलंपिक संघ व सचिव जिला एथलेटिक्स संघ), मनीष रत्न अग्रवाल (कोषाध्यक्ष, जिला ओलंपिक संघ), परमेंद्र सिंह (वरिष्ठ उपाध्यक्ष जिला ओलंपिक एसोसिएशन), सूरज श्रीवास्तव (इंटरनेशनल पेंचक सिलाट प्लेयर व नेशनल करॉटे प्लेयर), माया प्रसाद राय (सचिव जिला कबड्डी संघ), मंगल प्रसाद सिंह (सचिव जिला जिम्रास्टिक संघ), राघवेंद्र सिंह (सचिव जिला टेबल टेनिस संघ), केएम श्रीवास्तव (संयुक्त सचिव, जिला ओलंपिक एसोसिएशन), मो.सलमान अहमद (कार्यकारिणी सदस्य, जिला ओलंपिक संघ), प्रवीण राय (संयुक्त सचिव जिला ओलंपिक एसोसिएशन), अनूप अग्रवाल (संरक्षक, जिला ओलंपिक संघ) के साथ नवीन कुमार व पवन पाण्डेय (कार्यकारिणी सदस्य जिला ओलंपिक एसोसिएशन) व अन्य मौजूद थे। इस समारोह के आयोजन में होटल गोल्डन र्फाच्यून के ओनर संतोष यादव की भी बड़ी भूमिका रही।

अजेंद्र राय ने जिले में खेलों को निखारा

आजमगढ़ में आज खेलों का एक स्थान है तो इसमें बड़ी भूमिका आजमगढ़ ओलंपिक एसोसिएशन के सचिव अजेंद्र राय की भी है। बैडमिंटन वर्ल्ड फेडरेशन (बीडब्लूएफ) पैनल के अंपायर अजेंद्र राय ने सैयद मोदी इंटरनेशनल बैडमिंटन टूर्नामेंट, प्रीमियर बैडमिंटन लीग सहित कई नेशनल बैडमिंटन टूूर्नामेंट में निर्णायक की भूमिका अदा की है।

उन्हीं के प्रयासों से आजमगढ़ में कई बड़े टूर्नामेंट्स का आयोजन हुआ है। अजेंद्र राय अपने समय के माहिर बैडमिंटन खिलाड़ी रहे है जो जिले में बैडमिंटन की पौध को निखारने का काम कर रहे है। वर्तमान में वो बेसिक शिक्षा विभाग में सहायक अध्यापक है।

इंटरनेशनल लेवल पर शहर के शटलर्स का जलवा

शिवम शर्मा

जिले के ही शिवम शर्मा बैडमिंटन के इंटरनेशनल प्लेयर है। युगल के माहिर खिलाड़ी शिवम ने कई बड़े खिलाड़ियों के साथ जुगलबंदी से अपने खेल का लोहा मनवाया है। शहर के ही विनय सिंह जूनियर एशियन बैडमिंटन टूर्नामेंट में देश का प्रतिनिधत्व कर चुके है। अमन सिंह पूर्व सीनियर बैडमिंटन चैंपियन है।

आईपीएल में भी आजमगढ़ का जलवा

क्रिकेट की चमचमाती लीग इंडियन प्रीमियर लीग में भी इस शहर के तीन खिलाड़ी खेले हैं। इन तीनों क्रिकेटर में एक समान बात ये है कि तीनों के हुनर को सरफराज खान के पिता नौशाद ने निखारा है। इसके लिए उनके पिता मुंबई चले गए जहां आजाद मैदान से इनको क्रिकेट की शुरुआती ट्रेनिंग मिली है।

सरफराज खान : मूलतः आजमगढ़ के निवासी सरफराज खान इस समय आईपीएल में  किंग्स इलेवन पंजाब की टीम से खेल रहे है। इससे पहले वो साल 2015 में रायल चैलेंजर्स बेंगलौर का हिस्सा बने थे। हरफनमौला खिलाड़ी सरफराज मुंबई की रणजी टीम का अहम हिस्सा है।

सरफराज खान

उन्होंने तब सुर्खिया बटोरी थी जब उन्होंने 2009 में 12 साल की उम्र में हैरिस शील्ड गेम्स में अपने स्कूल रिजवी स्प्रिंगफील्ड से खेलते हुए 421 गेंदों में 56 चौके व 12 छक्के की सहायता से 439 रन बनाए थे। सरफराज ने अंडर-19 वर्ल्ड कप में भारत की टीम का प्रतिनिधत्व किया है। इसमें 2014 में भारतीय टीम पांचवें स्थान पर थी जबकि 2016 में भारतीय टीम उपविजेता रही थी।

अब्दुल्लाह इकबाल

अब्दुल्लाह इकबाल : मूलत : फिरकी गेंदबाज आईपीएल में अब्दुल्लाह इकबाल कोलकाता नाइट राइडर्स, राजस्थान रायल्स और रायल चैलेंजर्स बेंगलौर का हिस्सा रहे है। वो भारतीय अंडर-19 टीम का भी अहम हिस्सा रहे है। इसी के साथ वो रणजी ट्राफी में मुंबई और केरल टीम का हिस्सा रहे है।

कामरान खान

कामरान खान : आजमगढ़ के कामरान खान तेज गेंदबाज है और वह आईपीएल में राजस्थान रॉयल्स व पुणे वारियर्स इंडिया टीम का हिस्सा रहे थे। कामरान के पिता पेशे से कारपेंटर है।

सूरज ने पेंचक सिलाट में वर्ल्ड लेवल पर किया देश का नाम रोशन

शहर के सूरज श्रीवास्तव इंडोनेशियाई मार्शल आर्ट पेंचक सिलाट के इंटरनेशनल प्लेयर है। उन्होंने वर्ल्ड पेंचक सिलाट गेम्स में कांस्य पदक जीता है। सूरज प्रकाश श्रीवास्तव ने नासिक महाराष्ट्र में हुई राष्ट्रीय पेंचक सिलाट फेडरेशन कप में हिस्सा लेते हुए हैवीवेट में स्वर्ण पदक जीता था।

सूरज श्रीवास्तव

इससे पूर्व उन्होंने 2019 में हुई मलेशिया ओपन इंटरनेशनल चैंपियनशिप व थाईलैंड में हुई विश्व बीच पेंचक सिलाट चैंपियनशिप-2019 में भी कांस्य पदक जीता था।  इसके बाद अंतर विश्वविद्यालय चैंपियनशिप 2019 में लखनऊ विश्वविद्यालय की तरफ से एक रजत व एक कांस्य पदक जीता है।

उनका चयन चीन में होने वाली एशियन पेंचक सिलाट चैंपियनशिप के लिए भी भारतीय टीम में हुआ था जो कोविड-19 की वजह से स्थगित हो गयी थी। सूरज कराटे के भी माहिर नेशनल लेवल प्लेयर और कराटे कोच है।

अजय कुमार मौर्य इंटरनेशनल पैरा एथलीट

शहर के ही अजय कुमार मौर्य इंटरनेशनल पैरा एथलीट है। उन्होंने कई इंटरनेशल टूर्नामेंट में भारत का प्रतिनिधित्व किया है। उन्होंने नेशनल पैरा एथलेटिक्स चैंपियनशिप में 2 स्वर्ण, 6 रजत व दो कांस्य पदक जीते है।

इन खिलाड़ियों पर भी एक नजर

वॉलीबालः जोगिंदर सिंह, राजेश सिंह, रविकांत, अफजल, मो.रईस, आकाश पाण्डेय
जिम्रास्टिक : राजीव रंजन मिश्रा,
तीरंदाजी : सत्यदेव प्रसाद इंटरनेशनल प्लेयर।
स्केटिंगः सक्षम विश्वकर्मा, उज्जवल सिंह, प्राची श्रीवास्तव, प्रिया श्रीवास्तव, उत्कर्ष सिंह-सभी इंटरनेशनल।

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